रायपुर। राजधानी में सुगम, सुरक्षित और व्यवस्थित यातायात व्यवस्था सुनिश्चित करने के लिए यातायात पुलिस कमिश्नरेट और नगर निगम की संयुक्त टीम ने पचपेड़ी नाका ओवरब्रिज तथा एमएमआई अंडरब्रिज के नीचे अतिक्रमण के खिलाफ कार्रवाई की। अभियान के दौरान बसों के यात्रियों के चढ़ने-उतरने के लिए निर्धारित स्थानों पर किए गए अवैध कब्जों और ठेलों को हटाया गया। इससे बसों के व्यवस्थित ठहराव और यातायात का दबाव कम करने में मदद मिलने की उम्मीद है।
बैठक में बस संचालकों ने उठाई थी समस्या
दरअसल, 14 अक्टूबर 2026 को डीसीपी ट्रैफिक डॉ. अर्चना झा की अध्यक्षता में बस ट्रांसपोर्टर्स, क्षेत्रीय परिवहन कार्यालय (आरटीओ), नगर निगम और यातायात पुलिस के वरिष्ठ अधिकारियों की संयुक्त बैठक आयोजित की गई थी। बैठक में बस संचालकों ने पचपेड़ी नाका और एमएमआई ब्रिज के नीचे यात्रियों के पिक एंड ड्रॉप के लिए निर्धारित स्थलों पर फल-ठेला व्यवसायियों द्वारा अतिक्रमण किए जाने की समस्या रखी थी।
बस संचालकों के अनुसार, निर्धारित स्थानों पर कब्जा होने के कारण बसों को मुख्य मार्ग पर रोकना पड़ता था। इससे यातायात बाधित होने के साथ जाम की स्थिति बनती थी और सड़क दुर्घटनाओं का खतरा भी बढ़ जाता था।
संयुक्त टीम ने हटाए अवैध कब्जे
बस संचालकों की समस्या पर संज्ञान लेते हुए बैठक में दोनों स्थानों को अतिक्रमण मुक्त कराने और बसों का व्यवस्थित ठहराव सुनिश्चित करने का निर्णय लिया गया था। इसी निर्णय के तहत 17 अक्टूबर को यातायात पुलिस और नगर निगम के उड़नदस्ते ने संयुक्त कार्रवाई की।
कार्रवाई के दौरान पचपेड़ी नाका ओवरब्रिज के नीचे और एमएमआई अंडरब्रिज क्षेत्र में किए गए अवैध कब्जों तथा ठेलों को हटाया गया। यातायात पुलिस के अनुसार, इस कार्रवाई से बसों के निर्धारित स्टॉपेज बे खाली हो गए हैं, जिससे यात्रियों को सुरक्षित तरीके से चढ़ने-उतरने की सुविधा मिलेगी और मुख्य मार्ग पर बसों के रुकने से होने वाली बाधा कम हो सकेगी।
आगे भी जारी रहेगा अतिक्रमण हटाने का अभियान
यातायात पुलिस ने स्पष्ट किया है कि प्रमुख चौराहों, ओवरब्रिजों के नीचे और बस स्टॉपेज जैसे संवेदनशील स्थानों पर अनधिकृत कब्जे बर्दाश्त नहीं किए जाएंगे। नगर निगम के समन्वय से आने वाले दिनों में भी अतिक्रमण के खिलाफ अभियान जारी रखा जाएगा। इस पहल का उद्देश्य सार्वजनिक परिवहन को सुचारु बनाना, यात्रियों की सुरक्षा सुनिश्चित करना और शहर की यातायात व्यवस्था को बेहतर बनाना है।