धमतरी। जिले के सिहावा और नगरी क्षेत्र में चोरी की लगातार वारदातों को अंजाम देने वाले फरार आरोपी को पुलिस ने रायपुर से गिरफ्तार कर जेल भेज दिया है। आरोपी के कब्जे एवं निशानदेही पर चोरी की एक दान पेटी, 3,305 रुपये नकद और एक मोटरसाइकिल बरामद की गई है। आरोपी किराना दुकान, मस्जिद और मजार की दान पेटियों में चोरी सहित मोटरसाइकिल चोरी की घटनाओं में संलिप्त था।
पुलिस अधीक्षक भावना पांडेय के निर्देशन तथा अतिरिक्त पुलिस अधीक्षक एवं एसडीओपी के मार्गदर्शन में जिले में चोरी की घटनाओं पर अंकुश लगाने के लिए कार्रवाई की जा रही है। इसी क्रम में थाना सिहावा पुलिस ने विशेष टीम गठित कर फरार आरोपी की तलाश शुरू की थी।
रायपुर में मिली लोकेशन, पुलिस ने दबिश देकर पकड़ा
पुलिस के अनुसार, आरोपी छोटू सोनवानी (27 वर्ष), पिता फूलसिंग सोनवानी, निवासी स्कूलपारा सिहावा, थाना सिहावा, जिला धमतरी के खिलाफ थाना सिहावा में अपराध क्रमांक 47/2026, 69/2026, 78/2026 एवं 79/2026 तथा थाना नगरी में अपराध क्रमांक 70/2026 दर्ज हैं। इन मामलों में उसकी तलाश की जा रही थी।
थाना प्रभारी सिहावा निरीक्षक चक्रधर बाघ के नेतृत्व में गठित पुलिस टीम को आरोपी की लोकेशन रायपुर में मिली। इसके बाद टीम ने रायपुर पहुंचकर आरोपी को हिरासत में लिया और सिहावा थाने लाकर पूछताछ की।
किराना दुकान, मस्जिद और मजार में चोरी करना स्वीकार
पुलिस के मुताबिक, पूछताछ के दौरान आरोपी ने 19 जून 2026 को बाजार चौक स्थित मुरारी किराना दुकान की पेटी से 19 हजार रुपये चोरी करने की बात स्वीकार की। इसके अलावा 26 अगस्त 2026 को दानीबांधा स्थित मजार की दान पेटी तथा 7 अक्टूबर 2026 को बाजार चौक स्थित मस्जिद की दान पेटी चोरी करने का खुलासा किया।
आरोपी ने मस्जिद की दान पेटी से निकाली गई चिल्हर राशि को सिहावा पहाड़ी में छिपाकर रखने की जानकारी भी दी। पूछताछ में पाईकभांठा क्षेत्र से आई-स्मार्ट मोटरसाइकिल चोरी करने की घटना भी सामने आई। धार्मिक स्थलों की दान पेटियों में चोरी की घटनाओं से स्थानीय मुस्लिम समुदाय में आक्रोश व्याप्त था।
निशानदेही पर नकदी, दान पेटी और मोटरसाइकिल बरामद
पुलिस ने आरोपी के मेमोरेंडम कथन एवं निशानदेही पर छिपाकर रखी गई एक दान पेटी, कुल 3,305 रुपये नकद और एक मोटरसाइकिल बरामद की। आरोपी को 14 अक्टूबर 2026 को थाना सिहावा के चार अपराधों में विधिवत गिरफ्तार किया गया।
गिरफ्तारी के बाद आरोपी को न्यायालय जेएमएफसी नगरी के समक्ष रिमांड के लिए पेश किया गया, जहां से उसे जेल दाखिल कर दिया गया।