अंबिकापुर। पुलिस ने फर्जी पट्टा और कूटरचित दस्तावेजों के जरिए न्यायालय में आरोपियों की जमानत कराने वाले एक गिरोह का पर्दाफाश किया है। पुलिस ने मामले में पांच महिलाओं-पुरुषों सहित कुल सात आरोपियों को गिरफ्तार किया है।
पुलिस के अनुसार, 11 सितंबर को मुखबिर से सूचना मिली थी कि कुछ लोग न्यायालय में फर्जी पट्टा और आधार कार्ड का इस्तेमाल कर जरूरतमंद आरोपियों से पैसे लेकर उनकी जमानत करा रहे हैं। सूचना के आधार पर कोतवाली थाना और साइबर सेल की संयुक्त टीम ने कार्रवाई करते हुए कला केंद्र मैदान के पास कुछ संदिग्धों को पकड़ा।
पूछताछ के दौरान आरोपियों के कब्जे से पांच फर्जी किसान पट्टा, एक फर्जी आधार कार्ड, छह मोबाइल फोन और एक होंडा एक्टिवा स्कूटी बरामद की गई। पुलिस की पूछताछ में आरोपियों ने कथित तौर पर इन दस्तावेजों का इस्तेमाल न्यायालय में जमानत के लिए किए जाने की बात स्वीकार की।
पुलिस के मुताबिक, पूछताछ के आधार पर इस मामले में राज जायसवाल और शशिभूषण सिंह को भी गिरफ्तार किया गया। आरोपियों के कब्जे से एक लैपटॉप, दो प्रिंटर, कीबोर्ड और माउस समेत अन्य सामग्री भी जब्त की गई है। पुलिस का कहना है कि गिरोह द्वारा पहले भी कई लोगों की जमानत फर्जी दस्तावेजों के माध्यम से कराई जा चुकी है।
मामले में थाना कोतवाली में बीएनएस की संबंधित धाराओं के तहत अपराध दर्ज कर सभी सात आरोपियों को गिरफ्तार कर न्यायालय में पेश किया गया, जहां से उन्हें न्यायिक अभिरक्षा में भेज दिया गया।