रायपुर। छत्तीसगढ़ के मुख्य सचिव विकासशील ने मंत्रालय महानदी भवन में राज्य शासन के सभी विभागों के भारसाधक सचिवों की उच्चस्तरीय बैठक लेकर विभागीय योजनाओं और महत्वपूर्ण कार्यों की प्रगति की समीक्षा की। बैठक में उन्होंने अधिकारियों को सेवानिवृत्त होने वाले अधिकारी-कर्मचारियों के प्रकरणों का निपटारा उनकी सेवानिवृत्ति से पहले ही सुनिश्चित करने के स्पष्ट निर्देश दिए।
मुख्य सचिव ने कहा कि सेवानिवृत्ति प्रकरण लंबित न रहें, इसके लिए सभी विभाग विभागवार नियतकालिक सूची तैयार कर समय पर कार्रवाई करें। उन्होंने विभागों में रिक्त और बैकलॉग पदों की जानकारी लेकर सेटअप तैयार करने तथा भर्ती प्रक्रिया को तेजी से पूरा करने के निर्देश भी दिए।
विभागीय योजनाओं की नियमित मॉनिटरिंग पर जोर
बैठक में मुख्य सचिव ने सभी सचिवों से अपनी-अपनी विभागीय योजनाओं के क्रियान्वयन की नियमित मॉनिटरिंग करने को कहा। उन्होंने योजनाओं की प्रगति, निर्धारित लक्ष्य और उनके वास्तविक लाभ को लेकर विभागीय स्तर पर लगातार समीक्षा करने के निर्देश दिए।
लोक सेवा गारंटी समेत कई पोर्टल की समीक्षा
बैठक में लोक सेवा गारंटी, सूचना का अधिकार, सेवा सेतु, पीएम प्रगति पोर्टल, ई-प्रगति, डी-रेगुलेशन और ग्रामीण विकास योजनाओं की भी समीक्षा की गई। अधिकारियों ने बताया कि लोक सेवा गारंटी अधिनियम के तहत अब तक करीब 728 सेवाएं अधिसूचित की जा चुकी हैं।
हर अधिकारी-कर्मचारी को हर महीने 1 से 3 iGOT कोर्स करना होगा
मुख्य सचिव ने अधिकारियों और कर्मचारियों के लिए iGOT Karmayogi प्लेटफॉर्म के माध्यम से नियमित प्रशिक्षण सुनिश्चित करने के निर्देश दिए। विभाग की जरूरत के अनुसार प्रशिक्षण पाठ्यक्रम तय किए जाएंगे और प्रत्येक अधिकारी-कर्मचारी को हर महीने 1 से 3 प्रशिक्षण पाठ्यक्रम पूरा करना अनिवार्य होगा।
‘रिफॉर्म उत्सव’ में दिखेंगे विभागों के सुधार
मुख्य सचिव ने आगामी रिफॉर्म उत्सव अभियान की तैयारियों को लेकर भी अधिकारियों को निर्देश दिए। उन्होंने कहा कि सभी विभाग अपने स्तर पर किए गए महत्वपूर्ण सुधारों और रिफॉर्म की जानकारी तैयार करें, ताकि अभियान के दौरान इनका प्रदर्शन किया जा सके।
MY Bharat पोर्टल पर युवाओं का शत-प्रतिशत पंजीयन
बैठक में केंद्रीय खेल एवं युवा मंत्रालय के मेरा युवा भारत (MY Bharat) पोर्टल पर राज्य के स्कूल-कॉलेजों में अध्ययनरत 15 से 29 वर्ष के युवाओं का शत-प्रतिशत पंजीकरण कराने पर भी जोर दिया गया। इसके लिए जिला समन्वयकों और प्राचार्यों को आपसी समन्वय से अभियान चलाने के निर्देश दिए गए। बैठक में शासन के विभिन्न विभागों के अपर मुख्य सचिव, प्रमुख सचिव, सचिव और वरिष्ठ अधिकारी मौजूद रहे। अधिकारियों को विभागीय योजनाओं और शासन की प्राथमिकताओं को समयबद्ध तरीके से पूरा करने पर विशेष जोर दिया गया।