रायपुर। मुख्यमंत्री विष्णुदेव साय ने दंतेवाड़ा के पूर्व विधायक भीमा मंडावी की जयंती पर उन्हें विनम्र श्रद्धांजलि अर्पित की। मुख्यमंत्री ने उन्हें याद करते हुए बस्तर और जनजातीय समाज के विकास में उनके योगदान को स्मरण किया।
मुख्यमंत्री विष्णुदेव साय ने कहा कि बस्तर और जनजातीय समाज के विकास के लिए भीमा मंडावी का समर्पण एवं योगदान सदैव स्मरणीय रहेगा। उन्होंने जयंती के अवसर पर पूर्व विधायक के प्रति श्रद्धासुमन अर्पित किए और उनके कार्यों को याद किया।
डूबते को तिनके का सहारा। बस्तर की राजनीति में भाजपा के लिए भीमा मंडावी ऐसे ही साबित हुए थे। वर्ष 2018 के विधानसभा चुनावों में जब छत्तीसगढ़ में भाजपा 15 सीटों पर सिमटी और बस्तर से उसका सूपड़ा साफ हुआ तब मंडावी ही थे जो एकमात्र सीट दंतेवाड़ा को जीतकर आए। सबसे पहले भीमा मंडावी ने ही बस्तर टाइगर कहे जाने वाले कांग्रेस के दिग्गज नेता महेंद्र कर्मा को हराकर इस सीट पर भाजपा का खाता खोला था। इसके बाद वो भाजपा के राजनीतिक परिदृष्य में बड़ा नाम बनकर उभरे। भाजपा विधायक भीमा मंडावी की नक्सली हमले में मौत हुई थी।