मुंबई। आतंकवाद निरोधक दस्ते (एटीएस) ने AAJ गुरुवार को मुंबई से प्रतिबंधित आतंकी संगठनों से जुड़ी ऑनलाइन कट्टरपंथी गतिविधियों की जांच के दौरान एक युवक को गिरफ्तार किया है। आरोपी पर सोशल मीडिया और एन्क्रिप्टेड मैसेजिंग प्लेटफॉर्म के जरिए आतंकी संगठनों की प्रचार साझा करने और लोगों को कट्टरपंथ की ओर प्रेरित करने का आरोप है।
गिरफ्तार आरोपी की पहचान अयान शेख के रूप में हुई है, जो इंजीनियरिंग का छात्र बताया जा रहा है। एटीएस को गुप्त सूचना मिली थी कि कुछ लोग ऑनलाइन प्लेटफॉर्म के माध्यम से प्रतिबंधित आतंकी संगठनों की विचारधारा का प्रचार कर रहे हैं और युवाओं को प्रभावित करने की कोशिश कर रहे हैं। इसी सूचना के आधार पर मुंबई के कुर्ला, गोवंडी और शिवाजी नगर इलाके में कई स्थानों पर तलाशी अभियान चलाया गया। इस मामले में दो अन्य युवक भी जांच एजेंसियों के रडार पर हैं, जिनसे पूछताछ की गई है।
एटीएस ने गैरकानूनी गतिविधियां (रोकथाम) अधिनियम (यूएपीए) के तहत मामला दर्ज कर उसे गिरफ्तार कर लिया। जांच के दौरान उसके पास से लैपटॉप, मोबाइल फोन समेत कई इलेक्ट्रॉनिक डिवाइस जब्त किए गए हैं, जिन्हें फोरेंसिक जांच के लिए भेजा गया है। अधिकारियों के अनुसार इन डिवाइस से मिले डिजिटल डाटा में एक तरह का “डिजिटल रोडमैप” मिला है, जिससे प्रतिबंधित संगठनों से उसके कथित संबंधों के संकेत मिले हैं।
जांच में यह भी सामने आया है कि आरोपी टेलीग्राम चैनलों और अन्य एन्क्रिप्टेड मैसेजिंग प्लेटफॉर्म पर सक्रिय था, जहां चरमपंथी प्रचार सामग्री साझा की जाती थी। जब्त किए गए डिवाइस से जैश-ए-मोहम्मद के प्रमुख मसूद अजहर से जुड़े कई ऑडियो और वीडियो क्लिप भी मिले हैं। एजेंसी को कई चैट रिकॉर्ड भी मिले हैं, जिनसे संकेत मिलता है कि आतंकी संगठनों के लिए भर्ती बढ़ाने की कोशिश की जा रही थी। एटीएस के अनुसार आरोपी ने अपने दो करीबी इंजीनियरिंग छात्र दोस्तों को जैश-ए-मोहम्मद और आईएसआईएस से जुड़े प्रचार वाले टेलीग्राम समूहों में शामिल करने का प्रयास किया था। जांच में यह पाया गया कि दोनों युवक केवल आरोपी द्वारा साझा की गई सामग्री देख रहे थे और किसी आतंकी गतिविधि में सक्रिय रूप से शामिल नहीं थे। एटीएस ने दोनों के बयान दर्ज कर लिए हैं। पूछताछ के दौरान अयान शेख ने कथित तौर पर विदेशी हैंडलर्स और प्रतिबंधित आतंकी संगठनों से जुड़े कुछ संदिग्ध संपर्कों की जानकारी भी दी है। जांच एजेंसियों को शक है कि इन एन्क्रिप्टेड प्लेटफॉर्म पर कई विदेशी नागरिक और कथित सहयोगी भी जुड़े हुए हैं, जो भर्ती और नेटवर्क विस्तार में भूमिका निभा सकते हैं।
एटीएस अब आरोपी के डिजिटल ट्रेल और वित्तीय लेनदेन की भी जांच कर रही है ताकि यह पता लगाया जा सके कि किसी प्रकार की फंडिंग या लॉजिस्टिक सपोर्ट तो नहीं दिया गया। अयान शेख को शुक्रवार को मुंबई की विशेष अदालत में पेश किया जाएगा, जहां एटीएस आगे की पूछताछ के लिए पुलिस हिरासत की मांग करेगी। अधिकारियों का कहना है कि जांच के आधार पर इस मामले में आगे और गिरफ्तारियां भी हो सकती हैं।