बरेली। बरेली जिला अस्पताल से पॉक्सो एक्ट के मामले में जेल में बंद एक महिला कैदी सुरक्षा में तैनात पुलिसकर्मियों को चकमा देकर फरार हो गई। घटना के बाद पुलिस विभाग में हड़कंप मच गया। मामले में लापरवाही बरतने पर सुरक्षा में तैनात दोनों महिला सिपाहियों को निलंबित कर दिया गया है।
जानकारी के मुताबिक, इज्जतनगर निवासी 48 वर्षीय ममता को फरीदपुर पुलिस ने दिसंबर 2025 में गिरफ्तार किया था। इसके बाद उसे केंद्रीय कारागार-2 भेजा गया था। 31 अगस्त को अदालत में पेशी के दौरान उसकी तबीयत बिगड़ गई, जिसके बाद उसे बरेली जिला अस्पताल के इमरजेंसी वार्ड में भर्ती कराया गया। उसकी सुरक्षा के लिए दो महिला पुलिसकर्मियों की ड्यूटी लगाई गई थी।बताया जा रहा है कि अस्पताल में भर्ती रहने के दौरान ममता बार-बार टॉयलेट जा रही थी और सुरक्षा व्यवस्था का जायजा ले रही थी। घटना वाले दिन शाम के समय जब दोनों महिला सिपाही खाना खा रही थीं, तभी ममता अकेले टॉयलेट चली गई। वहां उसने अपना सलवार-सूट उतारकर बुर्का पहना और अस्पताल से फरार हो गई।
काफी देर तक जब ममता वापस नहीं लौटी तो दोनों महिला सिपाहियों ने टॉयलेट में जाकर देखा। वहां ममता के कपड़े टंगे मिले, जिसके बाद उसके फरार होने की जानकारी सामने आई।घटना के बाद ममता का बेटा केशव भी अस्पताल पहुंचा। उसके मुताबिक, ममता ने किसी अन्य व्यक्ति के फोन से उसे कॉल कर बताया कि वह अस्पताल से बाहर निकल चुकी है और अब अपना मामला खुद देखेगी। इस कॉल के बाद पुलिस को उसके फरार होने की पुष्टि हुई।
मामले में लापरवाही सामने आने पर एसएसपी ने सुरक्षा में तैनात दोनों महिला सिपाहियों को तत्काल निलंबित कर दिया। वहीं, कोतवाली थाने में मामला दर्ज कर पुलिस ने फरार महिला कैदी की तलाश शुरू कर दी है। पुलिस की टीमें उसके संभावित ठिकानों और रिश्तेदारों के यहां दबिश दे रही हैं।