बालमचंद की बूढ़ी आंखों में चमक रही हैं पक्के मकान की खुशियां
कोरिया। इच्छाएं वर्षों से दबी हुई हो और परिस्थितियों के कारण उसे पूरा कर पाना असंभव हो। ऐसे कठिन समय मे उस इच्छा की पूर्ति हो जाने से जो खुशियां मिलती हैं। उसे शब्दों में कहना कठिन है। ठीक ऐसी ही कहानी है ग्राम पंचायत गेजी में रहने वाले 70 वर्षीय बैगा बालमचंद की, जिन्होने…